
🇮🇳 “विजय का सूरज” (Vijay Ka Sooraj – The Rising Sun of Freedom)
[Verse 1 – Soft Strings + Ambient Pads] वो सूरज जो लहू से उगा था आज भी दिलों में चमकता है हर क़दम जो फौलाद बना उसका साया तिरंगे में दिखता ⸻ [

[Verse 1 – Soft Strings + Ambient Pads] वो सूरज जो लहू से उगा था आज भी दिलों में चमकता है हर क़दम जो फौलाद बना उसका साया तिरंगे में दिखता ⸻ [
